देश की सुरीली धड़कन , विविध भारती का स्थापना दिवस समारोह 3 अक्टूबर को कोरोना के सभी मानकों का पालन करते हुए मनाया गया। कार्यक्रमों के नियोजन में इस खास अवसर का ध्यान रखते हुए ‘भूले बिसरे गीत’ कार्यक्रम का आरंभ , नाच रे मयूरा , खोल के सहस्त्र नयन ........... इस गीत से किया गया, इस गीत को अनिल बिस्वास के संगीत संयोजन में स्वर दिया है मन्ना डे ने। 3 अक्टूबर,1957 को विविध भारती की स्थापना के अवसर पर सुप्रसिद्ध गीतकार पं. नरेंद्र शर्मा ने इस गीत को लिखा। पं. नरेंद्र शर्मा ने विविध भारती का नामकरण किया और कई कार्यक्रमों को उनकी प्रकृति के अनुरूप सटीक नाम भी दिए।
इस अवसर को और विशेष बनाने के उद्देश्य से दोपहर का कार्यक्रम ‘कुछ बातें कुछ गीत’ को फ़ेसबुक लाइव किया गया। स्टूडियो से गानों के प्रसारण के समय कार्यालय के सभी लोगों का परिचय करवाया गया। कार्यक्रम, तकनीकी, प्रशासन और मल्टीटास्क सेवा से जुड़े सभी का। फ़ेसबुक पर कार्यक्रम की रोचकता बनी रहे इस बात का ध्यान रखा गया। कार्यक्रम अनुभाग के लोगों ने श्रोताओं के संदेशों को भी पढ़ा। कार्यक्रम के मध्य में केक काटाने का भी काम किया गया। केक बहुत सुंदर रेडियो की डिजाइन वाला बनाया गया। सभी के साथ कार्यालय प्रमुख विवेक सिंह और कार्यक्रम प्रमुख रेणु चतुर्वेदी ने केक काटा और समूह स्वर में यह पंक्ति सभी ने गाई – ‘मानस भवन में आर्यजन जिसकी उतारें आरती,भगवान भारतवर्ष में गूँजे विविध भारती’। पूरा कार्यक्रम श्रोताओं द्वारा बहुत पसंद किया गया, फेसबुक पर बहुत देखा गया। पसंद करने, कॉमेंट्स करने और देखने वालों की संख्या अप्रत्याशित है।
नाट्य-तरंग और हवा महल में नया नाटक प्रसारित किया गया। दोपहर 3:30 बजे, नाट्य-तरंग का नाटक-जमीन आसमान सजीव प्रसारित किया गया और फ़ेसबुक लाइव भी किया गया। इस प्रकार का प्रयोग आकाशवाणी में शायद पहली बार किया गया। दिनांक 6-10-2020 तक फ़ेसबुक के अनुसार 36k से अधिक लोगों तक यह पहुँच चुका है। कार्यक्रम को लोगों द्वारा बहुत पसंद किया गया।
कुछ आंकड़े इस प्रकार हैं-
कार्यक्रम वीडियो की अवधि पसंद व्यूज
कुछ बातें कुछ गीत 16 मिनट 873 12K
कुछ बातें कुछ गीत 01:30 मिनट 1K 11K
कुछ बातें कुछ गीत 18 मिनट 822 9.3K
जमीन आसमान 29:26 1K 14K
(नाटक)
इस तरह से यह एक ऐतिहासिक कार्यक्रम हो गया। कई नए कीर्तिमान स्थापित हुए। प्रोमो आदि बनाने में दिल्ली के हमारे सहयोगियों का सहयोग मिला। कार्यक्रम से अधिक से अधिक संख्या में लोग जुड़ें ये प्रयास रहता है। और 3 अक्टूबर के कार्यक्रमों ने हमारे श्रोताओं की संख्या में जबरदस्त बढ़ोत्तरी हुई है। एक दिन में 1K follows बढ़े।
सजीव नाटक कल 6-10-2020 तक most popular post था
प्रेषक :- श्रीमती रेणु चतुर्वेदी, कार्यक्रम प्रमुख, विविध भारती.